ग्रेटर नोएडा स्थित ओमिक्रॉन सोसाइटी के निवासी इन दिनों गंभीर परेशानी से जूझ रहे हैं। सोसाइटी के कई फ्लैटों में पानी का रिसाव और सीलन की समस्या लगातार बढ़ती जा रही है। जानकारी के अनुसार, इन फ्लैटों का आवंटन लगभग 10 से 12 साल पहले हुआ था, लेकिन अब भी कई फ्लैट खाली पड़े हैं। इन्हीं खाली फ्लैटों से हो रहा पानी का रिसाव आसपास के फ्लैटों को नुकसान पहुंचा रहा है।
स्थानीय लोगों ने बताया कि दीवारों में सीलन, छतों से टपकता पानी और फर्शों की खराब हालत मकानों की संरचनात्मक मजबूती को खतरे में डाल रही है। कई घरों में प्लास्टर झड़ने लगा है और बिजली के बोर्ड भी रिसाव की चपेट में आ गए हैं, जिससे हादसे की आशंका बढ़ गई है।
निवासियों का कहना है कि उन्होंने इस समस्या की जानकारी कई बार ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण को दी, लेकिन अब तक कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई है। लोगों ने सिविल डिवीजन की टीम भेजने और खाली फ्लैटों की पानी की आपूर्ति बंद करवाने की मांग की है।
सोसाइटी के लोग अपनी ओर से भी रिसाव रोकने की कोशिश कर रहे हैं, लेकिन बिना प्रशासन की मदद के समस्या का समाधान संभव नहीं है। लोगों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द कदम नहीं उठाया गया, तो जान-माल को गंभीर नुकसान हो सकता है।
