डीएम मनीष वर्मा ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि हर रात सड़कों का निरीक्षण करें और जो भी व्यक्ति खुले में सोता मिले, उसे तुरंत रैन बसेरा में शिफ्ट करें।
डीएम और टीम ने खुद किया निरीक्षण
शुक्रवार रात डीएम मनीष वर्मा, प्राधिकरण और प्रशासनिक अधिकारियों के साथ सड़कों पर उतरे। मेट्रो स्टेशन और अन्य जगहों पर सो रहे लोगों को रैन बसेरों में पहुंचाया गया। साथ ही, रैन बसेरों की सुविधाओं की भी जांच की गई।
रैन बसेरों में क्या है व्यवस्था?
नोएडा में सात जगहों पर रैन बसेरे बनाए गए हैं, जहां 376 लोगों के रहने की सुविधा है। यहां गद्दे, कंबल, पानी, शौचालय और केयरटेकर की पूरी व्यवस्था निशुल्क उपलब्ध है। हर सर्किल अधिकारी को यह जिम्मेदारी सौंपी गई है।
जागरूकता के लिए अनाउंसमेंट
शाम होते ही सड़कों पर अनाउंसमेंट कर रैन बसेरों की जानकारी दी जाएगी, ताकि कोई भी सर्दी में बाहर न सोए। प्रशासन ने इस योजना को सफल बनाने के लिए हर संभव कदम उठाने का भरोसा दिया है।
