भारत के लिए गौरव का क्षण: भारतीय वायुसेना के ग्रुप कैप्टन और अंतरिक्ष यात्री शुभांशु शुक्ला ने Axiom-4 मिशन के तहत अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन (ISS) में सफलतापूर्वक डॉकिंग कर ली है। यह ऐतिहासिक पल भारत के लिए गर्व और भावुकता से भरा हुआ है, क्योंकि 41 वर्षों बाद कोई भारतीय अंतरिक्ष में पहुंचा है। इससे पहले 1984 में राकेश शर्मा ने भारत का प्रतिनिधित्व किया था।
डॉकिंग का ऐतिहासिक पल
NASA ने इस पल का लाइव प्रसारण किया, जिसमें भारतीय समयानुसार 4:15 बजे ‘ड्रैगन’ स्पेसक्राफ्ट को ISS से जुड़ते हुए दिखाया गया। यह डॉकिंग उस समय हुई जब स्पेस स्टेशन अटलांटिक महासागर के ऊपर से गुजर रहा था।
भावुक हुए माता-पिता और परिवार
डॉकिंग के दौरान शुभांशु की मां आशा शुक्ला की आंखों में आंसू छलक आए। उन्होंने कहा – “हमने हर दिन भगवान से प्रार्थना की। आज बहुत गर्व हो रहा है।” वहीं पिता शंभू दयाल शुक्ला ने इसे ईश्वर का आशीर्वाद बताया। उनकी बहन शुचि मिश्रा ने कहा – “यह आसान नहीं था, इस मुकाम के पीछे सालों की मेहनत और समर्पण है।”
स्कूल में दिखा गर्व का उत्साह
लखनऊ स्थित उनके स्कूल में भी इस उपलब्धि को लेकर उत्सव जैसा माहौल था। लाइव स्क्रीनिंग के दौरान शिक्षक और छात्र गर्व और खुशी से झूम उठे।
🇮🇳 तिरंगा अब अंतरिक्ष में लहरा रहा है
यह भारत के लिए न केवल एक वैज्ञानिक उपलब्धि है, बल्कि राष्ट्रीय गौरव का प्रतीक भी है। शुभांशु अब अगले 14 दिनों तक ISS में रहकर वैज्ञानिक शोध करेंगे।
केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह की बधाई
केंद्रीय मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने ट्वीट कर शुभकामनाएं दीं – “Axiom 4 की सफल डॉकिंग के लिए बधाई। शुभांशु अब ISS के दरवाजे पर है। पूरी दुनिया गर्व के साथ देख रही है।”
