जनपद में किसानों की कृषि संबंधी समस्याओं को दूर करने के लिए हर महीने के तीसरे बुधवार को किसान दिवस मनाया जाता है। इसी क्रम में आज जिलाधिकारी के निर्देश पर विकास भवन में किसान दिवस का आयोजन किया गया।
उप कृषि निदेशक राजीव कुमार ने बताया कि कार्यक्रम में शामिल प्रगतिशील किसानों ने अपनी समस्याएं सामने रखीं। कृषि विभाग के अधिकारियों ने किसानों को प्राकृतिक खेती के बारे में जानकारी दी और बताया कि जेवर क्षेत्र के 1250 किसानों को नेशनल मिशन ऑन नेचुरल फार्मिंग योजना में जोड़ा गया है। किसानों को प्राकृतिक खेती के मुख्य घटक जैसे जीवामृत, धनजीवामृत, बीजामृत, निमास्त्र और ब्रह्मास्त्र के बारे में भी बताया गया।
साथ ही सहायक आयुक्त और सहायक निबंधन ने महासदस्यता अभियान के बारे में जानकारी दी। उन्होंने कहा कि मात्र 226 रुपए देकर सहकारी समिति की सदस्यता लेने पर किसान और पशुपालक डीएपी और यूरिया प्राप्त करने में प्राथमिकता पा सकते हैं और अन्य लाभ भी ले सकते हैं।
किसान दिवस में कृषि से जुड़े कई विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे, जैसे सिचाई, ऊर्जा, कृषि, उद्यान, मत्स्य, दुग्ध उत्पादन और पशुपालन। साथ ही एग्रीकल्चर इंश्योरेंस कंपनी के क्षेत्रीय प्रबंधक भी मौजूद थे।
कार्यक्रम में अधिकतर किसानों की समस्याओं का मौके पर ही समाधान किया गया। एक किसान की वर्षा जल के कारण रास्ता कटने की शिकायत पर कार्यवाही शुरू कर दी गई।
अंत में उप कृषि निदेशक ने सभी किसानों और अधिकारियों का धन्यवाद करते हुए कार्यक्रम समाप्त किया।
