पाकिस्तान के सिंध प्रांत के मीरपुर खास से अल्पसंख्यक हिंदुओं पर हुए अत्याचार की बड़ी खबर सामने आई है। यहाँ दलित और आदिवासी हिंदू समुदाय ने जबरन धर्म परिवर्तन के खिलाफ़ सड़क पर उतरकर विरोध प्रदर्शन किया। उनका आरोप है कि उनकी नाबालिग बेटियों को अपहरण कर जबरन मुस्लिम बनाया जा रहा है। हाल ही में एक ऐसी ही घटना हुई, जिसमें एक किशोरी को अगवा कर उसका धर्म परिवर्तन कराया गया।
पीड़ित परिवार जब इंसाफ की उम्मीद लेकर अदालत पहुँचा, तो वहाँ भी उनके साथ मारपीट हुई। सबसे चौंकाने वाली बात यह रही कि जज ने पीड़ित परिवार की मदद करने के बजाय उन्हीं के खिलाफ़ एफआईआर दर्ज करने का आदेश दे दिया। इस रवैये से हिंदू परिवारों में गहरी नाराजगी और डर है।
समुदाय के लोग कह रहे हैं कि उन्हें सुरक्षा नहीं मिल रही और उनकी बेटियाँ खतरे में हैं। उन्होंने प्रशासन और अदालत पर पक्षपात करने का आरोप लगाया है। इस घटना के बाद पाकिस्तान में अल्पसंख्यकों की स्थिति और कानून व्यवस्था पर गंभीर सवाल उठने लगे हैं। हिंदू समुदाय न्याय और सुरक्षा की मांग कर रहा है, लेकिन मौजूदा हालात से उनकी मुश्किलें और बढ़ गई हैं।
