साइबर क्राइम के मामले लगातार बढ़ते जा रहे हैं, और हाल ही में नोएडा में ऐसा ही एक बड़ा मामला सामने आया है। 31 वर्षीय एक व्यक्ति को टेलीग्राम पर टास्क पूरे करने के बदले कमाई का लालच दिया गया, लेकिन जब उसने पैसे निकालने की कोशिश की, तो उसे ठगी का अहसास हुआ।
कैसे हुई 51 लाख की ठगी?
पीड़ित के मुताबिक, 18 जनवरी को उसे WhatsApp पर एक अनजान नंबर से मैसेज आया, जिसमें एक महिला ने खुद को “पल्लवी” बताते हुए ऑनलाइन टास्क के जरिए कमाई का झांसा दिया। शुरुआत में 2,000 से 8,000 रुपये जमा कराने के बाद उसे एक टेलीग्राम ग्रुप में जोड़ा गया, जहां क्रिप्टोकरेंसी और अन्य निवेश से जुड़े टास्क दिए गए। अगले चार दिनों में, स्कैमर्स ने 32 अलग-अलग ट्रांजेक्शन में उससे 51 लाख रुपये जमा करवा लिए और पोर्टफोलियो में 60 लाख रुपये का मुनाफा दिखाया। जब पीड़ित ने पैसे निकालने की कोशिश की, तो ठगों ने और पैसे मांगे, जिसके बाद उसे ठगी का अहसास हुआ और उसने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई।
साइबर ठगी से कैसे बचें?
1. अजनबियों के मैसेज से सतर्क रहें – WhatsApp, टेलीग्राम या सोशल मीडिया पर अनजान नंबरों से आने वाले मैसेज को नजरअंदाज करें।
2. लालच से बचें – कोई भी योजना जो असाधारण रूप से ज्यादा कमाई का वादा करे, अक्सर धोखाधड़ी होती है।
3. लिंक और अटैचमेंट पर क्लिक न करें – संदिग्ध लिंक या फाइल डाउनलोड करने से बचें, क्योंकि वे फिशिंग या मैलवेयर का हिस्सा हो सकते हैं।
4. निजी जानकारी साझा न करें – बैंक डिटेल, OTP या पासवर्ड किसी के साथ साझा न करें, चाहे वह खुद को कंपनी का प्रतिनिधि ही क्यों न बताए।
5. संभावित धोखाधड़ी की रिपोर्ट करें – यदि आपको किसी ऑनलाइन स्कैम का शक हो, तो तुरंत साइबर सेल या पुलिस में शिकायत करें।
ऑनलाइन ठग नए-नए तरीके अपनाकर लोगों को निशाना बना रहे हैं, इसलिए सतर्क रहना ही सबसे बड़ा बचाव है।
