नोएडा: सेक्टर-33ए स्थित नोएडा हाट में चल रहे सरस आजीविका मेला-2025 में खरीदारों की भीड़ लगातार बढ़ रही है। सोमवार को मेले के 11वें दिन लोगों ने खासकर हथकरघा, साड़ी और ड्रेस मटेरियल की जमकर खरीदारी की।
ग्रामीण शिल्प को बढ़ावा
केंद्रीय ग्रामीण विकास मंत्रालय और राष्ट्रीय ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज संस्थान (एनआईआरडीपीआर) द्वारा आयोजित इस मेले में ग्रामीण भारत की कला और उद्यमिता को प्रोत्साहित किया जा रहा है। देशभर से आई 400 से अधिक महिला शिल्पकार अपने हस्तनिर्मित उत्पादों के साथ मेले में शामिल हुई हैं।
व्यंजनों और मनोरंजन का संगम
मेले में लगे इंडिया फूड कोर्ट में 20 राज्यों की 80 महिला उद्यमियों ने अपने-अपने क्षेत्र के पारंपरिक व्यंजन परोसे हैं, जो लोगों को खूब पसंद आ रहे हैं। वहीं, सांस्कृतिक आयोजनों में फ्यूजन नृत्य और अन्य कार्यक्रम दर्शकों को आकर्षित कर रहे हैं।
हथकरघा और पारंपरिक परिधान बने पहली पसंद
मेले में आंध्र प्रदेश की कलमकारी, असम का मेखला चादर, बिहार की कॉटन और सिल्क साड़ी, गुजरात का पैचवर्क, झारखंड की तसर सिल्क, मध्य प्रदेश की चंदेरी और बाग प्रिंट, तमिलनाडु की कांचीपुरम साड़ी सहित कई राज्यों के पारंपरिक परिधान लोगों की पहली पसंद बने हुए हैं।
मेले में 10 मार्च तक मिलेगी विविधता
नोएडा हाट में 21 फरवरी से 10 मार्च तक चलने वाले इस मेले में 85 से अधिक सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन भी किया जा रहा है। साथ ही, स्वयं सहायता समूह (SHG) की लखपति दीदियों की निर्यात क्षमता को बढ़ाने के लिए कार्यशालाएं भी हो रही हैं। सुरक्षा और अन्य सुविधाओं का भी खास ध्यान रखा गया है, जिससे लोग बेझिझक खरीदारी का आनंद उठा रहे हैं।
