शेखर कपूर की फिल्म ‘बैंडिट क्वीन’ अपने समय में सेंसरशिप के विवादों में रही थी। फिल्म में फूलन देवी के जीवन की कठिनाइयों और शोषण को वास्तविकता के साथ प्रस्तुत किया गया था, जिससे कुछ दृश्य विवादास्पद माने गए। इनमें से एक प्रमुख दृश्य वह था, जिसमें फूलन देवी को नग्न अवस्था में गांव के कुएं तक चलने के लिए मजबूर किया जाता है। इस दृश्य को फिल्माना चुनौतीपूर्ण था, और अभिनेत्री सीमा बिस्वास ने इसे करने से इनकार कर दिया था। इसलिए, निर्देशक शेखर कपूर ने बॉडी डबल का उपयोग किया और गांववालों के वास्तविक प्रतिक्रियाओं को कैमरे में कैद किया।
फिल्म की वास्तविकता और संवेदनशील विषयों के कारण, सेंसर बोर्ड ने कुछ दृश्यों पर आपत्ति जताई थी। हालांकि, शेखर कपूर की नाराजगी के बावजूद, फिल्म में कुछ महत्वपूर्ण बदलाव किए गए थे। यह मामला उस समय मीडिया में चर्चा का विषय बना था, लेकिन वर्तमान में उपलब्ध स्रोतों में इस पर विस्तृत जानकारी नहीं है।
