तेज प्रताप यादव को राष्ट्रीय जनता दल (RJD) से छह साल के लिए निष्कासित कर दिया गया है। यह कड़ा फैसला खुद उनके पिता और पार्टी के प्रमुख लालू प्रसाद यादव ने लिया है। तेज प्रताप लगातार पार्टी नेताओं और अपने ही परिवार के खिलाफ बयानबाज़ी कर रहे थे। उनके कई बयानों से पार्टी की छवि को नुकसान हो रहा था, जिससे पार्टी के अंदर ही नाराज़गी बढ़ती जा रही थी।
तेज प्रताप ने हाल ही में कई ऐसे बयान दिए थे, जिनसे यह साफ दिख रहा था कि वह पार्टी की लाइन से अलग चल रहे हैं। वे अपने छोटे भाई तेजस्वी यादव और अन्य नेताओं पर भी सवाल उठा चुके हैं। पार्टी ने कई बार उन्हें समझाने की कोशिश की, लेकिन उन्होंने अपनी बातों से पीछे हटने से इनकार कर दिया।
लालू प्रसाद यादव ने इस मामले को गंभीरता से लिया और पार्टी की छवि बचाने के लिए तेज प्रताप को छह साल के लिए पार्टी से बाहर कर दिया। यह फैसला दिखाता है कि लालू यादव अब पार्टी में अनुशासन बनाए रखने के लिए किसी भी स्तर पर सख्ती बरत सकते हैं, चाहे वो उनके अपने बेटे ही क्यों न हों।
इस फैसले के बाद तेज प्रताप का पार्टी से कोई संबंध नहीं रहेगा। अब देखना यह होगा कि तेज प्रताप आगे क्या कदम उठाते हैं – क्या वो नई पार्टी बनाएंगे, किसी और पार्टी में शामिल होंगे या राजनीति से कुछ समय के लिए दूरी बना लेंगे।
