अजनारा होम्स सोसायटी में सुविधाओं की भारी कमी और लापरवाही के खिलाफ सोसायटी के हजारों निवासियों ने आवाज़ बुलंद कर दी है। खराब पानी की आपूर्ति, लिफ्ट हादसे, सफाई व्यवस्था में गड़बड़ी और सुरक्षा में चूक जैसे गंभीर मुद्दों ने लोगों को सड़कों पर उतरने को मजबूर कर दिया है।
दूषित पानी से बीमार हुए 500 लोग
बीते महीने दूषित पानी की आपूर्ति के कारण लगभग 500 लोग बीमार हो गए, जिनमें बड़ी संख्या में बच्चे भी शामिल थे। निवासियों के अनुसार पानी में बदबू और गंदगी लंबे समय से देखी जा रही थी, लेकिन बिल्डर और मेंटेनेंस एजेंसी ने कोई सुनवाई नहीं की। जांच में पाया गया कि पानी के टैंकों की सफाई कई महीनों से नहीं की गई थी। इस लापरवाही के लिए ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण ने बिल्डर पर ₹25 लाख का जुर्माना लगाया है।
जल संकट और कूड़ा प्रबंधन की दुर्दशा
टैंकों की सफाई के बाद पानी की आपूर्ति बाधित रही, जिससे करीब 6,000 लोगों को पानी की भारी किल्लत झेलनी पड़ी। दूसरी ओर बेसमेंट में कूड़े के ढेर और उसकी बदबू ने लोगों का जीना दूभर कर दिया है। इस पर प्राधिकरण ने अतिरिक्त ₹2.01 लाख का जुर्माना भी लगाया।
लिफ्ट हादसों से मचा हड़कंप
सोसायटी के तीन टावरों में लिफ्ट खराब होने की घटनाएं सामने आईं। एक मामले में लिफ्ट अचानक बेसमेंट तक गिर गई, जिसमें दो लोग फंस गए थे। इन लिफ्टों में न तो रेस्क्यू सिस्टम काम कर रहा था, न ही बैकअप।
निवासियों को धमकाने का आरोप, विरोध तेज
समस्याओं को सोशल मीडिया और प्रशासन के सामने लाने पर निवासी दिनकर पांडे को मेंटेनेंस टीम ने ₹50 लाख का लीगल नोटिस भेजा। इसके अलावा, फैसिलिटी हेड पर मीटिंग में पिस्टल दिखाकर धमकाने का गंभीर आरोप लगा है। इस मामले में पुलिस से शिकायत भी दर्ज कराई गई है।
AOA ने मांगा सोसायटी का हैंडओवर
इन सबके बीच, अजनारा होम्स की अपार्टमेंट ओनर्स एसोसिएशन (AOA) ने बिल्डर से सोसायटी का पूरा संचालन अपने हाथों में देने की मांग की है। AOA अध्यक्ष चंदन सिन्हा ने कहा कि निवासियों की सुरक्षा और सुविधाओं के लिए जल्द ही जनआंदोलन छेड़ा जाएगा यदि उनकी मांगें नहीं मानी गईं।
