नई दिल्ली: कांग्रेस की शिकायत के बाद चुनाव आयोग (ECI) ने हरियाणा और महाराष्ट्र की मतदाता सूची (वोटर लिस्ट) को लेकर बड़ा फैसला लिया है। कांग्रेस का आरोप है कि इन दोनों राज्यों में फर्जी और डुप्लीकेट वोटर नाम बड़ी संख्या में मौजूद हैं, जिससे चुनाव की पारदर्शिता पर सवाल उठ रहे हैं।
कांग्रेस ने इस मुद्दे को पहले चुनाव आयोग के सामने उठाया, लेकिन जब समाधान नहीं मिला, तो मामला कोर्ट तक पहुंचा दिया गया। कांग्रेस ने कोर्ट में दलील दी कि अगर समय रहते गड़बड़ी नहीं सुधारी गई तो चुनावों की निष्पक्षता प्रभावित हो सकती है।
इस मामले को गंभीरता से लेते हुए चुनाव आयोग ने अब हरियाणा और महाराष्ट्र की वोटर लिस्ट की गहन जांच का निर्देश दिया है। आयोग का कहना है कि जहां भी फर्जी, डुप्लीकेट या गलत जानकारी वाले वोटर नाम मिलेंगे, उन्हें तुरंत हटाया जाएगा।
सूत्रों के मुताबिक, चुनाव आयोग दोनों राज्यों में ज़िला स्तर पर विशेष टीम बनाकर वोटर लिस्ट की समीक्षा करवाएगा। साथ ही, आम जनता से भी अपील की जाएगी कि वे अपनी जानकारी सत्यापित करें और कोई गलती हो तो उसे सही कराएं।
इस फैसले के बाद इन दोनों राज्यों में होने वाले आगामी विधानसभा चुनावों में पारदर्शिता और निष्पक्षता सुनिश्चित करने की दिशा में बड़ा कदम माना जा रहा है
