गौतमबुद्धनगर जनपद न्यायालय में 1 जुलाई से 30 सितंबर 2025 तक “राष्ट्र के लिए मध्यस्थता अभियान” चलाया जा रहा है। इस अभियान का उद्देश्य लोगों को उनके विवादों का त्वरित, सुलभ और निःशुल्क समाधान प्रदान करना है। यह अभियान माननीय जनपद न्यायाधीश मलखान सिंह के निर्देशन में और राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण तथा सुप्रीम कोर्ट की कंसिलीएशन प्रोजेक्ट समिति के मार्गदर्शन में चल रहा है।
अपर जिला जज व पूर्णकालिक सचिव, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, श्री चंद्र मोहन श्रीवास्तव ने बताया कि जिला न्यायालय परिसर के मेडिएशन सेंटर को अभियान का प्रमुख केंद्र बनाया गया है। यहां वैवाहिक विवाद, चेक बाउंस, मुआवजा, भूमि अधिग्रहण, बैंक ऋण, किरायेदारी, संपत्ति और व्यापारिक विवाद जैसे मामलों को आपसी सहमति से हल किया जा रहा है। अभियान के पहले चरण में 1 जुलाई से 31 जुलाई तक मध्यस्थता योग्य मामलों की पहचान की जा रही है। इसके बाद उनका समाधान सौहार्दपूर्ण तरीके से किया जाएगा। इस पहल से न्यायिक व्यवस्था पर बोझ भी घटेगा और नागरिकों को समय व पैसा बचेगा।
