भारत और इंग्लैंड के बीच पाँच टेस्ट मैचों की सीरीज हुई थी। इसमें तेज़ गेंदबाज़ जसप्रीत बुमराह ने सिर्फ तीन मैच खेले और दो मैचों में आराम किया। यह फैसला उनकी फिटनेस और चोट से बचाव के लिए लिया गया था।
पूर्व चीफ सेलेक्टर चेतन शर्मा ने बुमराह के इस फैसले का समर्थन किया। उन्होंने कहा – “बुमराह ने जो किया, वह सही किया।” चेतन शर्मा का मानना है कि खिलाड़ियों को हमेशा फिजियो और डॉक्टर की सलाह माननी चाहिए, क्योंकि वही शरीर की स्थिति को अच्छे से समझते हैं। उन्होंने उदाहरण देकर कहा – जैसे डॉक्टर कहे कि दवा लेनी है, तो हमें लेनी ही पड़ती है। उसी तरह क्रिकेटर्स को भी फिजियो की बात माननी चाहिए।
यानी, बुमराह ने कम मैच खेलकर अपने शरीर और टीम दोनों के लिए सही फैसला लिया।
