ग्रेटर नोएडा का सेक्टर गामा-1,अल्फा-2,पी-3 जैसे शहर के पुराने और प्रमुख रिहायशी इलाकों में गिना जाता है। यह सेक्टर आवासीय और व्यावसायिक दोनों तरह से महत्वपूर्ण है। यहाँ परकिंग, मार्केट, स्कूल, पार्क और धार्मिक स्थल मौजूद हैं, जिससे यह इलाका परिवारों के रहने के लिए उपयुक्त माना जाता है। लेकिन अक्सर यहाँ जलभराव, सीवर जाम, कूड़ा प्रबंधन और ट्रैफ़िक जैसी समस्याएँ सामने आती रहती हैं, जिनको लेकर लोग प्राधिकरण और प्रशासन से शिकायत करते हैं। पिछले एक महिने से स्थानिय निवासी सीवर की समस्या से जुझ रहे है। अधिकांश सीवर ओवरफ्लो हो रहे हैं और उनका गंदा पानी सड़कों पर बह रहा है। इससे पूरे इलाके में बदबू फैल रही है और लोगों का जीवन-यापन मुश्किल हो गया है। निवासियों का कहना है कि बारिश के मौसम में सीवर ओवरफ्लो होने से बीमारियों का खतरा और बढ़ गया है। गंदे पानी से डेंगू, मलेरिया और अन्य संक्रामक रोग फैल सकते हैं। लोगों ने प्रशासन से अपील की है कि जल्द से जल्द सीवर लाइन की सफाई और मरम्मत करवाई जाए, ताकि उन्हें राहत मिल सके। रेज़िडेंट वेलफेयर एसोसिएशन ने इस गंभीर समस्या को लेकर ग्रेटर नोएडा विकास प्राधिकरण के सीओ और एसीओ को पत्र लिखकर तत्काल कार्रवाई की मांग की है। निवासियों का कहना है कि इस मुद्दे की जानकारी पहले भी कई बार अधिकारियों को दी गई, लेकिन अब तक विभाग की ओर से कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। लोगो ने सीवर लाइन की जल्द सफाई और मरम्मत कराई जाए। उन्होंने कहा कि इस समस्या को हल करना जरूरी है, ताकि निवासियों को गंदगी और बीमारी के खतरे से निजात मिल सके। प्राधिकरण के सीओ और एसीओ को पत्र लिखकर तत्काल कार्रवाई की मांग की है।
गामा-1, अल्फा-2 और पी-3 सेक्टर सीवर संकट में डूबे, बदबू और बीमारियों से बेहाल लोग
