निक्की भाटी हत्याकांड में पुलिस की चार्जशीट ने कई चौंकाने वाले तथ्य बताए हैं। जांच में पता चला कि निक्की के पति विपिन और उसकी सास ने मिलकर उसे जिंदा जलाने की साजिश रची थी। सबसे दुखद बात यह है कि यह पूरी घटना निक्की के 6 वर्षीय बेटे ऐविश के सामने हुई।
बच्चे ने पुलिस को बताया कि उसके पापा विपिन ने पहले मां से मारपीट की, फिर बोतल में रखा थिनर (ज्वलनशील केमिकल) निक्की पर डाल दिया। इसी दौरान पास खड़ी दादी (सास) ने विपिन को लाइटर पकड़ा दिया, जिससे निक्की को आग लगा दी गई। आग लगते ही निक्की चीखने लगी और विपिन पड़ोसी की छत से कूदकर नीचे भाग गया। सास भी नीचे दुकान पर पहुंच गई। बाद में घटना को आत्महत्या दिखाने के लिए निक्की को अस्पताल ले जाया गया।
पुलिस को घर से सिलिंडर फटने का कोई सबूत नहीं मिला, जबकि आरोपियों ने कहा था कि निक्की सिलिंडर फटने से जली है। फॉरेंसिक और पोस्टमार्टम में भी यह दावा गलत पाया गया। चार्जशीट में साफ कहा गया कि यह पहले से बनाई गई हत्या की योजना थी।
वकील अमित भाटी का कहना है कि आरोपित को झूठा फंसाया गया है और उनके पास ऐसे सबूत हैं जो दिखाते हैं कि वह घटना के समय घर पर नहीं था। वे जल्द ही अदालत में जमानत की अर्जी देंगे।
