कॉमन यूनिवर्सिटी एंट्रेंस टेस्ट (CUET) को लेकर छात्रों के मन में कई सवाल हैं। इस बार परीक्षा के पैटर्न में कोई बड़ा बदलाव नहीं किया गया है, लेकिन सेंटर अलॉटमेंट (परीक्षा केंद्र देने की प्रक्रिया) में कुछ सुधार किए गए हैं। नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) ने साफ किया है कि छात्रों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए व्यवस्था को बेहतर बनाया गया है।
पैटर्न वही रहेगा
CUET का परीक्षा पैटर्न पहले जैसा ही रहेगा। यानी भाषा, डोमेन सब्जेक्ट और जनरल टेस्ट का ढांचा नहीं बदलेगा। प्रश्नों का स्तर भी पहले की तरह रहेगा, ताकि छात्रों को नई तैयारी न करनी पड़े।
सेंटर अलॉटमेंट में सुधार
इस बार कोशिश की जाएगी कि छात्रों को घर या नजदीकी शहर के पास परीक्षा केंद्र मिले। पहले कई छात्रों को दूर-दराज के शहरों में सेंटर मिलने की शिकायत थी। अब इस समस्या को कम करने के लिए बेहतर प्लानिंग की गई है।
कंप्यूटर बेस्ड टेस्ट (CBT)
परीक्षा पहले की तरह कंप्यूटर आधारित (ऑनलाइन) ही होगी। इससे पारदर्शिता बनी रहेगी और रिजल्ट जल्दी जारी किए जा सकेंगे।
कई शिफ्टों में होगी परीक्षा
परीक्षा एक से ज्यादा शिफ्टों में कराई जाएगी, ताकि सभी विषयों के छात्रों को सही मौका मिल सके।
देशभर की यूनिवर्सिटियों में दाखिला
CUET के जरिए केंद्रीय, राज्य, डीम्ड और निजी विश्वविद्यालयों में अंडरग्रेजुएट कोर्स में दाखिला मिलेगा। इससे छात्रों को अलग-अलग एंट्रेंस देने की जरूरत नहीं पड़ेगी।
CUET 2026: क्या रहेगा खास, क्या बदलेगा और क्या नही.
